बलात्कार पीड़ितों के मुआवजे की नई दरे घोषित कीं उम्र अब्दुल्ला ने

0
19

श्रीनगर – बलात्कार के खिलाफ सख्त कानून बनाने की बात तो समझ में आती है लेकिन कोई सरकारबलात्कार पीड़ितों के मुआवजे लिए आकर्षक योजना की घोषणा करे तो कितना हास्यास्पद लगता है। जम्मू-कश्मीर की उमर अब्दुल्ला सरकार ने रेप पीड़ितों के मुआवजे के लिए एक योजना को अंतिम रूप दिया है। संशोधितमुआवजे के मुताबिक अब बलात्कार पीड़ितों को 2 लाख रुपए और जिन महिलाओं का रेप पुलिस कस्टडी में होता है उन्हें 3 लाख रुपए का हर्जाना मिलेगा। इस योजना से उमर सरकार विपक्ष के निशाने पर तो हैं ही उनकी पार्टी को भी इस योजना की व्याख्या करने में पसीने छूट रहे हैं।सरकार में शामिल कांग्रेस भी इस योजना के बारे में कुछ कहने से बच रही है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष सैफुद्दीन सोज ने इस मसले पर कहा कि मैं इस सरकार में शामिल नहीं हूं, लेकिन मुझे लगता है कि कैबिनेट ने रेप और कॉम्पेंसेशन के मायने को ठीक से नहीं रखा। क्योंकि,बलात्कार किसी भी सभ्य समाज में बर्दाश्त नहीं किया जा सकता।
दूसरी तरफ कांग्रेस कोटे से सरकार में शामिल मेडिकल एजुकेशन मंत्री ताज मोहिद्दीन ने कहा, ‘हम इस जघन्य अपराध में थोड़ी राहत पहुंचाने की कोशिश कर रहे हैं। रेप और मौत की क्षतिपूर्ति किसी हर्जाने से नहीं कर सकते। हमने सुप्रीम कोर्ट के डायरेक्शन का ख्याल रखा है।’ प्रदेश में मुख्य विपक्षी पार्टी पीडीपी के प्रवक्ता नईम अख्तर ने सरकार की तीखी आलोचना करते हुए कहा, ‘प्रदेश सरकार अत्याचार का वस्तुकरण कर रही है। यह कश्मीरी अवाम के गौरव के खिलाफ है।’